नीम के पत्ते ही नहीं, बीज (निम्बोली) (Neem Seed) में भी है कमाल के फायदे! – जानिए कैसे

नीम की पत्तियों से होने वाले स्‍वास्‍थ्‍य लाभों के बारे में हम सभी जानते हैं। तभी इसका उपयोग चार हज़ार सालों से होता आ रहा है। आइए जानते हैं इसके बारे में हम बात कर रहे हैं नीम के बीज (neem seed) की.

क्या आप जानते हैं कि चार हज़ार सालों से नीम के बीज का उपयोग औषधि के रूप में किया जा रहा है। पत्तियों का उपयोग तो विभिन्न प्रकार की औषधियों के रूप में किया जाता रहा है।

हृदय से संबंधित समस्याओं, संक्रामक बीमारियों, आंखों से संबंधित बीमारियों तथा आंत की बीमारियों आदि के उपचार में इनका उपयोग किया जाता है। लेकिन क्‍या आप नीम के बीज से होने वाले फायदों के बारे में जानते हैं। जी हां नीम की तरह नीम का बीज भी आपके बहुत फायदेमंद होते है।

नीम के बीज (Neem Seed) किस प्रकार उपयोगी हैं?

इस बात में कोई राज़ नहीं है कि नीम का पत्तियों का उपयोग विभिन्न प्रकार की औषधियों के रूप में किया जाता है। हृदय से संबंधित समस्याओं, वाइरल बीमारियों, आँखों से संबंधित बीमारियों तथा आंत की बीमारियों आदि के उपचार में इनका उपयोग किया जाता है।

बहुत से घरों में कपड़ों और खाद्य पदार्थों को कीटों से बचाने के लिए नीम का उपयोग प्राकृतिक कीटनाशक की तरह किया जाता है। नीम के बीज भी बहुत उपयोगी है। यहाँ नीम के बीज के अनेक उपयोग बताए गए हैं!

आंखों और कानों के लिए फायदेमंद

नीम के बीज (Neem Seed) के सत्व का उपयोग आंखों और कानों के लिए मरहम बनाने में किया जाता है। इनमें मौजूद एंटीबैक्टीरियल गुणों के कारण यह आंखों और कानों में संक्रमण पैदा करने वाले बैक्टीरिया से लड़ने में सहायक होता है।

विशेषज्ञों के अनुसार आंखों और कानों में कीटाणुओं और जीवाणुओं के कारण होने वाले संक्रमण के उपचार में नीम के बीज (Neem Seed) के सत्व से बनी मरहम का उपयोग बहुत प्रभावी तरीके से किया जा सकता है।

Neem Seed
Neem Seed

मलेरिया की रोकथाम करें

मलेरिया के प्रभावी उपचार में नीम के बीज (Neem Seed) का उपयोग किया जाता है। शोधकर्ताओं के अनुसार, नीम के पीसे हुए बीजों की दुर्गन्‍ध से मच्‍छरों को दूर रखने में मदद मिलती है। इसके अलावा नीम के बीजों से निकले तेल का उपयोग मच्‍छरों को अंडे देने से रोकता है जिससे म‍लेरिया की रोकथाम में मदद मिलती है।

परिवार नियोजन

यह पाया गया है कि महिलाओं तथा पुरुषों दोनों में जन्म नियंत्रण के लिए नीम प्रभावी रूप से उपयोगी है। महिलाओं में गर्भावस्था को रोकने के लिए नीम के तेल का उपयोग लुब्रीकेंट के रूप में किया जा सकता है।

यदि आप परिवार प्रारंभ करने की योजना बना रहे हैं तो निश्चित ही आपको नीम का उपयोग नहीं करना चाहिए। गर्भवती माओं को भी इससे दूर रहना चाहिए।

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एथलीट्स के पैरों के लिए भी होता है फायदेमंद

आमतौर पर एथलीट्स के पैरों में फंगल इंफेक्शन बहुत अधिक होता हैं। और नीम के बीज से बने तेल में एंटी-फंगल तत्व पाए जाते हैं, जोकि फंगस से लड़ने में मददगार होते है।

फंगस ट्रीटमेंट में नीम का तेल इस्तेमाल करने के लिए, आप थोड़े से नीम के तेल में थोड़ा-सा नारियल का तेल मिलाकर उसे प्रभावित हिस्से पर लगाएं, फायदा होगा।

Neem Seed
Neem Seed

बनाएं दांतों को सुरक्षित

नीम का उपयोग प्राचीन काल से ही दांत साफ करने के लिए किया जाता रहा है। नीम में दांतों को सफेद बनाने व बैक्टीरिया को खत्म करने के गुण पाए जाते हैं। यह प्राकृतिक एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-सेप्टिक तत्‍व विद्यमान होते है।

नीम का तेल मसूड़े की सूजन और दांत की सड़न को दूर करने का काम करता है। इसके अलावा यह दांतों में होने वाली समस्याओं जैसे दांतों के दर्द, दांतों का कैंसर, दांतों में सड़न आदि में राहत देता है।

कीड़ों को दूर रखने में सहायक

नीम के बीज का तेल एक उत्कृष्ट कीट निरोधक है। माली बग़ीचे में पाए जाने वाले विभिन्न प्रकार के कीड़ों जैसे इल्ली, घुन, टिड्डी, झींगुर आदि को पेड़ पौधों से दूर रखने के लिए इसका उपयोग करते हैं। आप घर पर भी चींटी, दीमक, तिलचट्टे, मक्खी, खटमल आदि को दूर रखने के लिए नीम के तेल का उपयोग कर सकते हैं।

बढ़ती उम्र को रोकें

नीम में पाये जाने वाले तत्व ऑक्सीकरण रोधक होते हैं जो चेहरे में होने वाले परिवर्तनों को रोक देते हैं। नीम के बीज (Neem Seed) से बने तेल लगाने से चेहरे की झुर्रियां कम होती है। और आपकी बढ़ती हुई उम्र रूक जाती है।

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बालों को स्‍वस्‍थ और सुंदर बनाये

बाल झड़ने, डैंड्रफ जैसी समस्याओं से परेशान हैं तो नीम के बीज से बने तेल के इस्तेमाल से आपको फायदा मिल सकता है। नीम में एंटीबैक्टीरियल, एंटी फंगल, एंटी पैरासिटिक गुणों के अलावा, विटामिन सी, प्रोटीन और कैरोटीन प्रचुर मात्रा में है

जो न केवल बालों को संक्रमण से मुक्त रखता है और जुएं जैसी समस्याओं से बचाता है बल्कि बालों को लंबे समय तक घना और काला बनाए रखने में मदद करता है। स्वस्थ और चमकीले बालों के लिए आप नीम के तेल का उपयोग कर सकते हैं।

किडनी और प्रोस्‍टेट के उपचार में सहायक

नीम के बीजों (Neem Seed) और पत्‍तों से बनी चाय भी आपके स्‍वास्‍थ्‍य के लिए बहुत लाभदायक होती है। यह किडनी, मूत्राशय और प्रोस्टेट से संबंधित बीमारियों के उपचार में बहुत प्रभावी है।

यह उपचार दशकों से चला आ रहा है परंतु आज भी लोकप्रिय है। हालांकि यह बहुत अधिक कड़वा होता है और इन्‍हें पीना बहुत मुश्किल होता है।

 

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Satya Sharma

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